उत्तर प्रदेश के संतकबीरनगर जिले में सत्र न्यायालय ने एक महत्वपूर्ण फैसले में मछली पकड़ने के विवाद के दौरान हुए जानलेवा हमले के दो आरोपियों को सात साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोनों दोषियों पर आर्थिक जुर्माना भी लगाया है, जिसे न चुकाने पर अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। यह मामला महुली थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सिकरी गांव का है।

घटना की पृष्ठभूमि और विवाद
जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, यह घटना तीन जनवरी 2018 की शाम को हुई थी। पीड़ित राजकुमार अपने साथियों के साथ बाजार से लौट रहा था और गांव के पोखरे के पास पहुंचा था। वहां गांव के ही राम नरेश और राम दरश से उसका मछली मारने को लेकर विवाद हो गया। विवाद बढ़ने पर दोनों अभियुक्तों ने पुरानी रंजिश के चलते राजकुमार पर सरिया और भाले से प्राणघातक हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर गिर पड़ा।
अस्पताल में उपचार और पुलिस कार्रवाई
घटना के बाद परिजनों ने घायल को स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां से उसकी नाजुक हालत को देखते हुए उसे बीआरडी मेडिकल कॉलेज गोरखपुर रेफर कर दिया गया था। पीड़ित के पिता रामसागर की शिकायत पर पुलिस ने महुली थाने में मुकदमा दर्ज किया था और मामले की जांच पूरी कर अदालत में चार्जशीट दाखिल की थी। अदालत में सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने गवाहों के बयान और चिकित्सीय रिपोर्ट पेश किए, जिसके आधार पर सत्र न्यायाधीश रणधीर सिंह ने यह फैसला सुनाया। अदालत ने दोनों दोषियों पर 11-11 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। जुर्माना न भरने की स्थिति में उन्हें छह महीने का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।

