उत्तर प्रदेश के इटावा जिले में राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए सोलह साल से फरार चल रहे स्थायी वारंटी को उसके घर से गिरफ्तार कर लिया है। पकड़ा गया आरोपी वर्ष 2010 से दर्ज एक आपराधिक मामले में वांछित था और अदालत द्वारा वारंट जारी होने के बाद से लगातार पुलिस की पकड़ से बच रहा था। पुलिस अब उसे आवश्यक कानूनी कार्रवाई के तहत न्यायालय के समक्ष पेश करने की तैयारी कर रही है।

सोलह साल से चल रहा था फरार
प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह मामला वर्ष 2010 का है जब जीआरपी थाने में आर्म्स एक्ट के तहत एक मुकदमा दर्ज किया गया था। इस मामले में आरोपी लंबे समय से अदालत में पेश नहीं हो रहा था, जिसके चलते न्यायालय द्वारा उसके खिलाफ स्थायी वारंट जारी किया गया था। गिरफ्तारी से बचने के लिए आरोपी लगातार अपनी जगह बदलकर रह रहा था, लेकिन पुलिस उसकी गतिविधियों पर नजर बनाए हुए थी।
गुप्त सूचना के आधार पर हुई कार्रवाई
वांछित अपराधियों और वारंटियों की धरपकड़ के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत पुलिस को एक महत्वपूर्ण सुराग मिला। शनिवार की सुबह करीब नौ बजे फफूंद चौकी की पुलिस टीम को मुखबिर के जरिए सूचना मिली कि आरोपी अपने घर पर मौजूद है। इस सूचना पर त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने बताए गए ठिकाने पर दबिश दी और आरोपी को दबोच लिया।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि पकड़े गए आरोपी की पहचान पप्पू उर्फ शिवप्रकाश के रूप में हुई है, जो औरैया जिले के अछल्दा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले घसारा गांव का रहने वाला है। जीआरपी फफूंद चौकी की टीम ने उसे उसके पैतृक निवास से हिरासत में लिया। पुलिस के अनुसार, कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद आरोपी को संबंधित न्यायालय में पेश किया जाएगा।

