उत्तर प्रदेश के जालौन जिले में कालपी बार एसोसिएशन के अध्यक्ष और वरिष्ठ अधिवक्ता का अपहरण करने के बाद उनकी हत्या किए जाने का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस घटना के संबंध में शुरुआती कार्रवाई करते हुए तीन संदिग्धों को पूछताछ के लिए हिरासत में ले लिया है, जबकि मामले की जांच लगातार जारी है।

कैसे दिया गया घटना को अंजाम
पुलिस अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, सत्तर वर्षीय वरिष्ठ अधिवक्ता गयादीन अहिरवार शनिवार को उरई स्थित जिला एवं सत्र न्यायालय गए थे। जब वे अदालत से बाहर आ रहे थे, तभी एक व्यक्ति ने उन्हें एक मामले की फाइल पर चर्चा करने के बहाने कानपुर-झंसी हाईवे पर दुर्गा मंदिर क्रॉसिंग के पास एक वाहन में बैठने के लिए राजी कर लिया। इसके बाद गाड़ी तेजी से अल्तापुर चौराहे की तरफ रवाना हो गई, जिसमें पहले से ही चार से पांच अन्य लोग मौजूद थे।
कानपुर से बरामद हुआ शव
अधिवक्ता के परिजनों ने उनके मोबाइल फोन का स्विच ऑफ मिलने और घर न लौटने पर पुलिस को सूचना दी। इसके बाद पुलिस ने तुरंत खोजबीन शुरू की और सीसीटीवी फुटेज तथा सर्विलांस की मदद से तीन लोगों को हिरासत में लिया। छानबीन के दौरान पुलिस को उनका शव कानपुर के सचेंडी थाना क्षेत्र से मिला। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शव का पंचनामा और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी की जा रही है।
पुरानी जमीन का विवाद आया सामने
प्रारंभिक जांच-पड़ताल में यह बात सामने आई है कि इस सनसनीखेज वारदात के पीछे एक पुराना जमीन का विवाद हो सकता है। पुलिस इस बात की गहराई से जांच कर रही है और घटना में इस्तेमाल की गई कार तथा अन्य साक्ष्यों को बरामद करने के प्रयास किए जा रहे हैं। गयादीन अहिरवार कागजीपुरा क्षेत्र के रहने वाले थे और वर्ष 1981 से वकालत के पेशे से जुड़े हुए थे। इस वर्ष मई के महीने में उन्हें चौथी बार बार एसोसिएशन का अध्यक्ष चुना गया था।

